खून में हीमोग्लोबिन बढ़ाने के लिए प्रसूताओं को इंजेक्शन
जननी को प्रसव से पहले खून बढ़ाने के लिए इंजेक्शन लगाने पड़ रहे है। इंजेक्शन लगाने के बाद खून में हीमोग्लोबिन बढ़ने पर उनका सुरक्षित प्रसव करवाया जाता है। अस्पताल में प्रसव पूर्व प्रसव पश्चात गर्भवती महिला के खून में हीमोग्लोबिन बढ़ाने के लिए आयरन सुक्रोज इंजेक्शन लगाए जा रहे हैं। अस्पताल समेत ग्रामीण क्षेत्र से प्रसव के लिए आने वाली अधिकांश प्रसूताओं में हीमोग्लोबिन की मात्रा काफी कम होती है। ऐसे में प्रसव के दौरान प्रसूता गर्भस्थ शिशु की जान को खतरा बना रहता है। ऐसे में प्रसव पूर्व गर्भवती महिला को आयरन, सुक्रोज इंजेक्शन लगाकर उसका हीमोग्लोबिन बढ़ाया जाता है। प्रसूता के खून में सात ग्राम से अधिक हीमोग्लोबिन की मात्रा होने पर चिकित्सक चिकित्साकर्मी उसका सुरक्षित प्रसव करवाने का प्रयास करते हैं। कई बार ग्रामीण क्षेत्र से प्रसव पीड़ा होने पर ही परिजन प्रसूता को लेकर अस्पताल पहुंचते हैं। उस दौरान प्रसूता के खून में हीमोग्लोबिन कम होने पर सुरक्षित प्रसव के लिए उसे खून चढ़ाया जाता है।
प्रसूताके खून में हिमोग्लोबिन की मात्रा बढ़ाने के लिए उसे आयरन, सुक्रोज इंजेक्शन लगाए जाते हैं। यह इंजेक्शन अस्पताल में प्रसूताओं के लिए नि:शुल्क उपलब्ध है। कई बार किसी गर्भवती को चार या अधिक इंजेक्शन भी लगाए जाते हैं। दो आयरन, सुक्रोज इंजेक्शन लगाने पर प्रसूता में 0.8 ग्राम तक हिमोग्लोबिन बढ़ सकता हैचार माह में 385 महिलाओं का सुरक्षित प्रसव
खून बढ़ाने का इंजेक्शन कौन सा है?