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डिलीवरी दर्द बढ़ाने के उपाय?

Language: Hindi | Published: 11 Oct 2021 | Views: 19
डिलीवरी दर्द बढ़ाने के उपाय?
इन फूड्स से प्राकृतिक रूप से शुरू हो जाएगा Labour Pain

गर्भावस्‍था में पौष्टिक आहार लेने के लिए कहा जाता है जिससे मां और बच्‍चे दोनों स्‍वस्‍थ रहें। वहीं, प्रेग्‍नेंसी के नौंवे महीने में प्रसव पीड़ा शुरू करने के लिए कुछ फूड्स मददगार साबित हो सकते हैं।

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इन फूड्स से प्राकृतिक रूप से शुरू हो जाएगा Labour Pain


गर्भावस्‍था के 39वें या 40वें हफ्ते में कभी भी डिलीवरी हो सकती है। हालांकि, कुछ महिलाओं को नौ महीने पूरे होने या डॉक्‍टर द्वारा बताई गई डेट के निकलने के बाद भी प्रसव पीड़ा शुरू नहीं होती है। वहीं कुछ महिलाएं किसी कारण से जल्‍दी लेबर चाहती हैं।
आपको बता दें कि ऐसे कुछ फूड्स भी हैं जो प्रसव पीड़ा शुरू करने में मदद कर सकते हैं। जी हां, यहां हम आपको कुछ ऐसे फूड्स के बारे में बताने जा रहे हैं जो लेबर पेन को शुरू कर डिलीवरी में आपकी मदद कर सकते हैं।

​अनानास

अनानास विटामिनों, खनिज पदार्थों और एंटीऑक्‍सीडेंट से युक्‍त होता है। इसमें ब्रोमलेन नामक एंजाइम होता है जो कि गर्भाशय ग्रीवा की दीवारों को मुलायम कर देता है जिससे गर्भाशय में प्रसव के लिए संकुचन शुरू हो जाता है। आप अनानास काट कर खा सकती हैं या फिर अनानास का ताजा जूस भी पी सकती हैं।


​लहसुन

लहसुन अपच का इलाज करने का बेहतरीन स्रोत है। ये प्रसव पीड़ा शुरू करने का भी काम करता है। बेहतर पाचन के लिए रोज सुबह खाली पेट लहसुन की दो कलियां खाएं। इससे मल त्‍याग की क्रिया ठीक रहेगी जिससे प्रसव पीड़ा के लिए गर्भाशय में संकुचन पैदा होगा।


​लाल रसभरी की पत्तियों की चाय

रसभरी की पत्तियों में हर्बल गुण होते हैं जो गर्भाशय की दीवारों को संकुचन पैदा करने में मदद करती हैं। मांसपेशियों में संकुचन आने पर शिशु गर्भाशय के अंदर नीचे की ओर सिर ले आता है। डिलीवरी के लिए शिशु इस पोजीशन में आता है। प्रेग्‍नेंसी के 32वें हफ्ते के बाद ही लाल रसभरी की पत्तियों की चाय पिएं।


​अरंडी का तेल

अरंडी का तेल भी जल्‍दी प्रसव शुरू करने की शक्‍ति रखता है। कई सालों से महिलाएं लेबर पेन के लिए अरंडी के तेल का इस्‍तेमाल करती हैं। वैसे तो अरंडी के तेल का सेवन प्रेगनेंट महिलाओं के लिए सुरक्षित होता है, लेकिन कुछ दुर्लभ मामलों में इससे उल्‍टी और दस्‍त हो सकते हैं।
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