कैसे पता चल सकता है कि शिशु केवल दूध उलट रहा है या उल्टी कर रहा है?
नए माता-पिता अक्सर यह अंतर नहीं कर पाते कि शिशु उल्टी कर रहा है या पिफर केवल थोड़ी-बहुत मात्रा में दूध उलट रहा है (पॉसेटिंग)। मगर इसकी पहचान के कुछ संकेत हैं।
दूध उलटना
जब आपका शिशु दूध उलटता है, तो यह बिना किसी प्रयास के बाहर आता है। इसके लिए शिशु थोड़ी-बहुत या कोई ताकत नहीं लगाता और इससे शिशु को कोई परेशानी नहीं होती या उसका पेट भी खराब नहीं होता। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि शिशु की भोजन नलिका और पेट के बीच की मांसपेशियां अभी विकसित हो रही होती हैं और सही से काम नहीं करती। इसकी वजह से कुछ अंश पेट से दोबारा गले तक आ जाते हैं।
पॉसेटिंग के दौरान फटा हुआ दूध बाहर निकालना काफी आम है।
दूध पीते हुए आपका शिशु हवा भी अंदर ले सकता है और जब यह हवा डकार के रूप में वापिस बाहर आती है तो इसके साथ कुछ तरल भी आ सकता है। शिशुओं में ऐसा होना सामान्य है और कोई चिंता की बात नहीं होती।
उल्टी करना
जब शिशु उल्टी करता है तो उसके पेट के अंदर मौजूद तत्व प्रबलता से बाहर आते हैं। उल्टी शिशु के लिए डराने वाला अनुभव हो सकता है, इसलिए वह रो भी सकता है।
साथ ही उल्टी की मात्रा भी आमतौर पर दूध उलटने से ज्यादा होती है। उल्टी अक्सर पतली होती है या इसमे श्लेम भी होता है। आपके शिशु को इसके साथ अन्य लक्षण जैसे कि बुखार, चिड़चिड़ापन भी हो सकता है।
चाहे दोनों में से कुछ भी हो, आप अपने शिशु के डॉक्टर से बात करें। यदि शिशु की उल्टी या दूध उलटने में आपको दूध, फॉर्मूला या श्लेम के अलावा कुछ और भी दिखाई दे तो डॉक्टर को दिखाना और भी जरुरी हो जाता है।
नवजात शिशु दूध की उल्टी क्यों करता है?