अगर चाहती हैं नॉर्मल डिलीवरी तो प्रेगनेंसी के दौरान ये काम जरूर करें
आजकल महिलाएं लेबर पेन से बचने के लिए सिजेरियन डिलीवरी कराना पसंद करती हैं. लेकिन नॉर्मल डिलीवरी के फायदे सिजेरियन की अपेक्षा कहीं ज्यादा है. यहां जानिए वो तरीके जिन्हें आजमाने से नॉर्मल डिलीवरी के चांस बढ़ जाते हैं.
मां बनना एक खूबसूरत अहसास है. लेकिन इसे महसूस करने के लिए महिला को कई तरह की तकलीफों से गुजरना पड़ता है. प्रेगनेंसी के शुरुआती समय से परेशानियों का सिलसिला शुरू होता है और डिलीवरी और इसके कई दिनों बाद तक बना रहता है. इस दौरान महिला को बच्चे की सुरक्षा और अपनी सुरक्षित डिलीवरी की फिक्र भी परेशान करती है.
आजकल महिलाएं लेबर पेन से बचने के लिए सिजेरियन डिलीवरी कराना पसंद करती हैं. विशेषज्ञों की मानें तो नॉर्मल डिलीवरी में महिला को दर्द जरूर बर्दाश्त करना पड़ता है, लेकिन इसमें महिला की रिकवरी बहुत जल्दी होती है. साथ ही नॉर्मल डिलीवरी मां और बच्चे दोनों के लिए काफी फायदेमंद साबित होती है. यहां जानिए इसके फायदों के बारे में और उन तरीकों के बारे में जो आपकी नॉर्मल डिलीवरी की संभावना को बढ़ाते हैं.
नॉर्मल डिलीवरी के लिए प्रेगनेंसी के दौरान करें ये काम
1. प्रेगनेंसी के दौरान मीठा या चटपटा खाने की इच्छा होती है. ऐसे में क्रेविंग दूर करने के चक्कर में चॉकलेट, चायनीज, पिज्जा जैसी अनहेल्दी चीजें न खाएं. इससे आपके शरीर में वॉटर रिटेंशन बढ़ता है. उन्हें हेल्दी चीजें खिलाकर क्रेविंग को दूर करें.
2. तमाम महिलाएं प्रेगनेंसी के दौरान ज्यादा काम नहीं करतीं. लेकिन प्रेगनेंसी में आप जितनी एक्टिव रहेंगी, नॉर्मल डिलीवरी का चांस उतना ज्यादा होगा. हालांकि कोई भारी चीज उठाने का या झुकने का काम न करें. इसके अलावा अगर कोई कॉम्प्लीकेशंस हैं, तो काम के लिए विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें.
3. प्रेग्नेंसी के दौरान वजन बढ़ने के कारण महिलाओं मसल्स स्टिफ हो जाती हैं, जिसकी वजह से वे नॉर्मल डिलीवरी का प्रेशर सहन नहीं कर पातीं. इसके लिए महिलाओं को तेल मालिश करनी चाहिए ताकि उनका शरीर नॉर्मल डिलीवरी के लिए तैयार हो सके.
4. सकारात्मक सोच को विकसित करें और तनाव से दूर रहें. इसके लिए अच्छी किताबें पढ़ें, संगीत सुनें या अपनी पसंद का कोई भी काम करें.
नार्मल डिलीवरी कैसे की जाती है?