पीरियड्स प्राकृतिक प्रक्रिया है। हर बालिग स्त्री को माहवारी होती है। सच तो यह है कि किसी नैचुरल चीज़ को प्रकृति के विरुद्ध जाकर रोकना कभी-कभार नुकसान दायक नहीं होता है। लेकिन अगर इसे प्रैक्टिस बना लिया जाए और हर बार पीरियड्स को रोकने के लिए दवाइयों का इस्तेमाल किया जाए, तो यह कहीं ना कहीं आपके शरीर पर बुरा प्रभाव डालता है।
हर औरत के पीरियड का अलग सिस्टम होता है। बहुत सारी औरतें अनियमित माहवारी की समस्या से जूझती हैं, लेकिन कुछ औरतों को इस समस्या का सामना प्रेगनेंसी या ब्रेस्टफीडिंग के दौरान करना पड़ता है। हालांकि पूरी तरह से पीरियड्स को रोक देना ठीक नहीं है, लेकिन अगर आप ऐसा करना चाहती हैं, तो इसके लिए कंबाइंड कॉन्ट्रासेप्टिव टैबलेट्स का इस्तेमाल कर सकती हैं। आमतौर पर यह दवाई 21 दिन तक खानी होती है, उसके बाद एक सप्ताह का ब्रेक होता है, जिससे कि आपके पीरियड्स आ सकें, लेकिन अगर आप अपने पीरियड्स को रोकना चाहती हैं, तो इस दवाई को बिना ब्रेक के लगातार खाती रहें। परंतु ऐसा करने से पूर्व किसी डाॅक्टर से सलाह जरूर ले लें। क्योंकि लगातार ऐसा करने से आपकी सेहत को खतरा हो सकता है।
पीरियड्स आगे बढ़ाने की टेबलेट के बारे में जरूरी बातें :
इसका इस्तेमाल करने से पूर्व उसके बारे में सारी बातें जानना बेहद जरूरी है। डाॅक्टर सुषमा कौशिक के अनुसार जब आप पीरियड्स को आगे बढ़ाने के लिए दवाई का इस्तेमाल करती हैं, तो इसका प्रभाव लगभग 17 दिनों तक रहता है। हर उस चीज़ का साइड इफेक्ट होता है, जो प्राकृतिक तौर पर होने वाली चीज में बाधा उत्पन्न करता है। इसलिए माहवारी आगे बढ़ाने वाली दवाई का जितना कम इस्तेमाल कम किया जाए उतना अच्छा।
पीरियड रोकने की कौन सी दवा है?