गर्भावस्था के दौरान महिलाओं को कई तरह के पोषक तत्वों की जरूरत होती है जिनमें से एक आयरन भी है।
हीमोग्लोबिन बनाने के लिए शरीर को आयरन की जरूरत पड़ती है। हीमोग्लोबिन लाल रक्त कोशिकाओं में मौजूद प्रोटीन होता है जो मां और बच्चे के अंगों एवं ऊतकों तक ऑक्सीजन के प्रवाह को बढ़ावा देता है। प्रेग्नेंसी में ज्यादा खून की जरूरत होती है इसलिए इस समय शरीर को आयरन भी ज्यादा चाहिए होता है।
कब लेनी चाहिए आयरन की गोली
ज्यादातर डॉक्टर प्रेग्नेंसी के पहले 12 हफ्तों के बाद आयरन सप्लीमेंट लेने की सलाह देते हैं। प्रेग्नेंसी की शुरुआत में इसे पचाना मुश्किल भी होगा और पहली तिमाही में इसकी जरूरत भी नहीं होती है।
खाना खाने के एक से दो घंटे बाद आयरन की गोली लेने की सलाह दी जाती है। बेहतर होगा कि इस दौरान आप चाय, कॉफी के साथ न लें बस पानी के साथ गोली खा लें।
प्रेगनेंसी के दौरान आयरन की गोलियां किस महीने से लेना शुरू कर सकती हूं?