पुरुष में मौजूद स्पर्म वो सेल है जो बच्चे पैदा करने में मदद करता है.
जब पुरुष एक स्त्री के साथ संबंध बनाता है तो स्पर्म लिंग से बाहर निकलकर योनि में प्रवेश करता है। स्पर्म योनि में प्रवेश करने के बाद, गर्भाशय से होते हुए फैलोपियन ट्यूब में चला जाता है। फैलोपियन ट्यूब में महिला का अंडा पुरुष स्पर्म के साथ फर्टिलाइज होता है और गर्भधारण की प्रक्रिया शुरू होती है। इसके नौ महिनों के बाद बच्चा पैदा होता है.
नार्मल डिलीवरी एक प्रक्रिया है जिसमें शिशु का जन्म प्राकृतिक तरीके से महिला के वजाइना से होता है
दर्द की तीव्रता को बताने वाली ऐसी कोई यूनिट नहीं है
सरलता से बताय जाये तो एक माँ को बच्चे को जन्म देते समय एकसाथ करीब 200 हड्डिया टूटने के बराबर दर्द होता है.
आप इस बात से महिलाओं के इस दर्द का अंदाजा लगा सकते हैं कि अगर किसी मनुष्य की एक हड्डी टूट जाए तो उसे कितना दर्द होता है. वहीं 1 महिला 200 हड्डियां टूटने के बराबर दर्द को सहन करती है और एक बच्चे को जन्म देकर माँ बनती है.
बच्चा कैसे पैदा होता है कितना दर्द होता है?