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बच्चे के लिए उल्टी के लिए कौन सा सिरप सबसे अच्छा है?

Language: Hindi | Published: 11 Nov 2022 | Views: 41
बच्चे के लिए उल्टी के लिए कौन सा सिरप सबसे अच्छा है?
वोमिकाइंड सिरप बच्चों को दी जाने वाला दवा है जिससे मिचली आना और उल्टी का इलाज करने में मदद मिलती है. इसे मुख्य रूप से सर्जरी, कीमोथेरेपी, रेडियोथेरेपी और पेट/आंत इन्फेक्शन से संबंधित मिचली आना और उल्टी का इलाज करने के लिए दिया जाता है.

बार-बार उल्‍टी करता है बच्‍चा, तो इन घरेलू नुस्‍खों से करें इलाज

बच्‍चों या शिशु को उल्‍टी होना आम बात है और वायरस, मोशन सिकनेस या फूड पॉइजनिंग की वजह से बच्‍चे को उल्‍टी हो सकती है। अगर बच्‍चे को बार-बार उल्‍टी हो रही है तो यह चिंता की बात है। बच्‍चों में उल्‍टी रोकने के लिए दवा से बेहतर घरेलू उपाय होते हैं। चूंकि, बच्‍चों की इम्‍यूनिटी कमजोर होती है इसलिए दवाओं के साइड इफेक्‍ट्स को वो झेल नहीं पाते हैं। ऐसे में बच्‍चों में उल्‍टी रोकने के लिए आप उल्‍टी बंद करने के घरेलू उपायों की मदद ले सकते हैं।

​अदरक और शहद
मतली और उल्‍टी के लिए अदरक बहुत असरकारी है। अदरक का एक छोटा टुकड़ा लें और उसे घिस लें। इस अदरक से इसका रस निकाल लें और इसमें शहद की कुछ बूंदें डालें। दिन में दो से तीन बार बच्‍चे को इसे खिलाएं। अदरक का रस और शहद मतली को रोकता है और पाचन को ठीक रखने में मदद करता है।

अदरक का रस
इसे पिलाएं, बच्चे को उल्टी से तुरंत मिलेगा आराम

​पुदीने का रस
ताजा पुदीना भी बच्‍चों में उल्‍टी और मतली को रोकने में बहुत असरकारी होता है। पुदीने की कुछ ताजा पत्तियां लें और उसका रस निकाल लें। एक चम्‍मच पुदीने के रस में एक चम्‍मच नींबू का रस डालें। इसे स्‍वाद देने के लिए आपको इसमें थोड़ा-सा शहद भी डाल सकते हैं।

​चावल का पानी
गैस्ट्राइटिस की वजह से होने वाली उल्‍टी को रोकने के लिए चावल का पानी अच्‍छा रहता है। चावल का पानी बनाने के लिए ब्राउन राइस की जगह सफेद चावल का इस्‍तेमाल करें।
एक कप चावल लें और उसे दो कप पानी में उबाल लें। पानी जब आधा रह जाए तो उसे ठंडा होने दें। अब इस पानी को छानकर बच्‍चे को पिलाएं।

​इलायची और लौंग
बच्‍चों में उल्‍टी को रोकने का सबसे असरकारी घरेलू नुस्‍खों में से एक इलायची भी है। दालचीनी से बच्‍चों के पेट को आराम मिलता है और मतली और उल्‍टी रोकने में भी मदद मिल सकती है। आधा चम्‍मच इलायची के बीजों को पीस लें। इसमें थोड़ा बूरा मिलाएं और बच्‍चे को चटाएं। इस मिश्रण से बच्‍चे को उल्‍टी से राहत मिलेगी।
पाचन में सुधार और उल्‍टी को रोकने के लिए लौंग भी बेहतर रहती है। अगर बच्‍चा बड़ा है तो उसे एक लौंग चबाने को दें। आप एक कप पानी में कुछ लौंग डालकर उबाल लें। इस पानी में एक चम्‍मच शहद डालकर बच्‍चे को पिलाएं।

​सौंफ
पाचन मर्ग को आराम देने का काम करती है सौंफ। इसके बीजों में एंटीमाइक्रोबियल गुण होते हैं जो बच्‍चों में मतली और उल्‍टी को रोकने का कार्य करते हैं। एक कप पानी में एक चम्‍मच सौंफ डालकर 5 से 10 मिनट तक उबालें। पानी ठंडा होने पर उसे छानकर बच्‍चे को पिलाएं। दिन में से 3 से 4 बार बच्‍चे को यह पानी देना है।

एप्‍पल साइडर विनेगर में एंटीमाइक्रोबियल गुण होते हैं जो मतली और उल्‍टी को रोकने का काम करते हैं। एक चम्‍मच एप्‍पल साइडर विनेगर और शहद को एक गिलास पानी में मिलाकर बच्‍चे को घूंट-घूंट कर पिलाएं।
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